Thursday, December 27, 2018

सब इंस्पेक्टर की नाबालिग बेटी से गैंगरेप, आरोपी बीटेक के छात्र

उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में सामूहिक बलात्कार का एक शर्मनाक मामला सामने आया है. जहां बीटेक के कुछ छात्रों ने एक सब इंस्पेक्टर की नाबालिग बेटी को अपनी हवस का शिकार बना लिया. वारदात के बाद वे बदहवास लड़की को एक पुलिस थाने के पास छोड़कर फरार हो गए. बाद में परिजनों ने पीड़िता को उपचार के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया.

यह शर्मनाक घटना कानपुर के गीता नगर इलाके की है. जहां अनुराग यादव नामक बीटेक छात्र अपने तीन अन्य साथियों के साथ आभा अपार्टमेंट में किराए के एक फ्लैट में रहता है. कुछ समय पहले उसकी दोस्ती बाबूपुरवा थाना क्षेत्र में रहने वाले एक सब इंस्पेक्टर की बेटी से हो गई थी. क्रिसमस के दिन अनुराग ने उस नाबालिग लड़की को पार्टी के लिए अपने फ्लैट पर बुलाया.

लड़की उसके बुलावे पर आभा अपार्टमेंट स्थित अनुराग के फ्लैट पर जा पहुंची. पहले थोड़ी देर खाना पीना, नाच गाना होता रहा. उसी दौरान अनुराग ने अपनी नाबालिग दोस्त को एक कमरे में ले जाकर उसके साथ बलात्कार किया. इसके बाद अनुराग के साथी शुभम यादव, अभिषेक कुमार और जैकी दुबे ने भी बारी-बारी से लड़की को अपनी हवस का शिकार बनाया.

इस घटना में पीड़िता की हालत बिगड़ गई. जिसे देखकर चारों आरोपी घबरा गए और वे लड़की को बाइक से बाबूपुरवा थाने के सामने लेकर गए. वहां उसे छोड़कर वे फरार गए. किसी तरह से पीड़ित छात्रा अपने घर पहुंची और परिवारवालों को आपबीती सुनाई. उसकी बात सुनकर परिजन सकते में आ गए. उन्होंने फौरन लड़की को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया.

इसके बाद पीड़ित लड़की की मां की तहरीर पर चार आरोपी छात्रों के खिलाफ काकादेव थाने में सामूहिक बलात्कार का मामला दर्ज किया गया. बाद में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों के फ्लैट पर दबिश देकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी अनुराग पुलिस इंस्पेक्टर अवधेश यादव का बेटा है. वे मूल रूप से जौनपुर के गुनौली इलाके के रहने वाले हैं. उसके पिता वर्तमान में देवरिया जिले में तैनात हैं

उधर, दूसरा आरोपी अभिषेक एक पुलिस इंस्पेक्टर रवींद्र कुमार का बेटा है. उसके पिता वर्तमान में काशी विश्वनाथ मंदिर, वाराणसी की सुरक्षा में तैनात हैं. पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के साथ ही मौके से एक शर्ट और खून से सनी चादर बरामद की है. पुलिस के मुताबिक आरोपियों से पूछताछ चल रही है. जांच के बाद सभी को जेल भेजा जाएगा.

Tuesday, December 18, 2018

पहले कारोबारी दिन गुलजार रहा बाजार, सेंसक्‍स 36,250 के पार

रुपये में रिकवरी और ग्‍लोबल मार्केट में बढ़त की वजह से सप्‍ताह के पहले कारोबारी दिन शेयर बाजार गुलजार रहा. सेंसेक्‍स 307 अंक की बढ़त के साथ 36,270 पर बंद हुआ जबकि निफ्टी 82 अंक की तेजी के साथ 10,888 के स्‍तर पर रहा.

कारोबार के दौरान बढ़त वाले टॉप 5 फर्म टाटा मोटर्स, पावर ग्रिड, एचडीएफसी, कोल इंडिया और वेदांता रहे. बता दें कि डॉलर के मुकाबले रुपये की शुरुआत बढ़त के साथ हुई है. रुपया 11 पैसे की मजबूती के साथ 71.79 के स्तर पर खुला. वहीं, पिछले कारोबारी सत्र में रुपया 71.90 के स्तर पर बंद हुआ था.

 पिछले सप्‍ताह ऐसी रही चाल

इससे पहले शुक्रवार को सेंसेक्स 35 अंक बढ़त के साथ 35,963 पर और निफ्टी 14 की तेजी के साथ 10, 805 पर बंद हुआ. वहीं गुरुवार को सेंसेक्स 150.57 अंकों की बढ़त के साथ 35,929.64 पर और निफ्टी 53.95 अंकों की तेजी के साथ 10,791.55 पर बंद हुआ. अगर बुधवार की बात करें तो प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स करीब 629 अंक की मजबूती के साथ 35779 के स्तर पर बंद हुआ तो निफ्टी 188 अंक उछलकर 10737 के स्‍तर पर रहा.

जबकि मंगलवार को सेंसेक्‍स 190 अंकों की बढ़त के साथ 35,150 के स्‍तर पर बंद हुआ तो निफ्टी करीब 61 अंक बढ़कर 10,550 के स्‍तर पर आ गया. हालांकि सोमवार को सेंसेक्‍स 713.53 अंक यानी 2 फीसदी टूटकर 34,959.72 के स्‍तर पर बंद हुआ था जबकि निफ्टी 205.25 अंक यानी 1.92 फीसदी टूटकर क्रमशः 10,488.45 के स्‍तर पर रहा.

पिछले सप्‍ताह ऐसी रही बाजार की चाल

इससे पहले शुक्रवार को सेंसेक्स 35 अंक बढ़त के साथ 35,963 पर और निफ्टी 14 की तेजी के साथ 10, 805 पर बंद हुआ. वहीं गुरुवार को सेंसेक्स 150.57 अंकों की बढ़त के साथ 35,929.64 पर और निफ्टी 53.95 अंकों की तेजी के साथ 10,791.55 पर बंद हुआ. अगर बुधवार की बात करें तो प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स करीब 629 अंक की मजबूती के साथ 35779 के स्तर पर बंद हुआ तो निफ्टी 188 अंक उछलकर 10737 के स्‍तर पर रहा.

जबकि मंगलवार को सेंसेक्‍स 190 अंकों की बढ़त के साथ 35,150 के स्‍तर पर बंद हुआ तो निफ्टी करीब 61 अंक बढ़कर 10,550 के स्‍तर पर आ गया. हालांकि सोमवार को सेंसेक्‍स 713.53 अंक यानी 2 फीसदी टूटकर 34,959.72 के स्‍तर पर बंद हुआ था जबकि निफ्टी 205.25 अंक यानी 1.92 फीसदी टूटकर क्रमशः 10,488.45 के स्‍तर पर रहा.

Friday, December 14, 2018

चंडीगढ़ की पहली महिला कैब ड्राइवर, जो बन गई थी गैंगस्टर

चंडीगढ़ की नवदीप कौर उर्फ दीप जब पहली महिला कैब ड्राइवर बनी तो उसकी खूब प्रशंसा हुई. उसका नाम कई दिन तक चर्चाओं में रहा. उसका नाम अखबारों की सुर्खियां बनकर सामने आया तो उसका चेहरा टीवी पर देखकर लोग उसे पहचानने लगे. सब कुछ ठीक चल रहा था. लेकिन अचानक एक दिन पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया. और जब उसकी असलियत खुलकर सामने आई तो पुलिस भी दंग रह गई.

मोहाली में की थी लूट

बात कुछ माह पहले की है. अगस्त 2018 में पंजाब के मोहाली इलाके में बंदूक की नोंक पर लूट की एक वारदात को अंजाम दिया गया. बदमाशों ने एक कार लूटी थी. कार लूट की सूचना पीड़ित ने पुलिस को दी. मोहाली और चंडीगढ़ पुलिस हरकत में आ गई. मामले की छानबीन शुरू की गई.

गैंग की सरगना थी महिला

पुलिस ने लूट की कड़ियों को जोड़ना शुरू किया. इस दौरान पुलिस के हाथ कुछ ऐसे सबूत लगे, जिससे खुलासा हुआ कि इस लूट की मास्टरमाइंड एक महिला है. अब पुलिस ने उस महिला की तलाश शुरू की. पुलिस कदम दर कदम आगे बढ़ती जा रही थी. इसी दौरान पुलिस अचानक चंडीगढ़ की पहली महिला कैब ड्राइवर नवदीप कौर उर्फ दीप तक जा जा पहुंची.

नवदीप कौर की गिरफ्तारी

इससे पहले कोई कुछ समझ पाता पुलिस ने नवदीप कौर को उसके तीन साथियों के साथ गिरफ्तार कर लिया. इसके बाद पुलिस ने 28 अगस्त को खुलासा किया कि नवदीप ही इस लूट की वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह की सरगना थी. पुलिस ने बताया कि 'नवदीप इस गिरोह की सरगना थी. उसके साथ मोगा के रहने वाले अनिल कुमार सोनू और जालंधर के लांबड़ा के रहने वाले गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी को गिरफ्तार किया गया.'

कार, हथियार बरामद

पुलिस ने बताया कि नवदीप कौर और उसके साथियों ने बंदूक की नोंक पर लूटी गई कार भी बरामद कर ली. पुलिस ने उनके पास से 350 ग्राम नशीला पाउडर, एक रिवाल्वर, कारतूस के साथ एक पिस्टल भी बरामद की.

गैंगस्टर को जेल से भगाने की साजिश

पुलिस अनुसार यह गिरोह लुधियाना जेल में बंद अपने साथी गैंगस्टर दीपक कुमार उर्फ बिन्नी गुज्जर को फरार कराने की साजिश रच रहा था. उसी साजिश को अमली जामा पहनाने के लिए उनके गैंग ने लूट की वारदात को अंजाम दिया था.

पति भी निकला गैंगस्टर

पुलिस ने नवदीप कौर के बारे में छानबीन की तो एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ. पुलिस को पता चला कि नवदीप कौर का पति गुरविंदर सिंह छह बैंकों में डकैती डालने के आरोप में पहले से ही चंडीगढ़ की एक जेल में बंद है. इसके अलावा भी वो कई वारदातों को अंजाम दे चुका है. नवदीप की हकीकत जानकर हर कोई हैरान रह गया.

Tuesday, December 11, 2018

रोनाल्डो ने मेसी को इटली की लीग से खेलने के लिए चैलेंज किया

युवेंटस से खेलने वाले क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने लियोनेल मेसी को बार्सिलोना छोड़ने और इटली से जुड़ने का चैलेंज दिया है। पुर्तगाल के फॉरवर्ड रोनाल्डो इस सीजन में रियल मैड्रिड छोड़कर इटली के फुटबॉल क्लब और सीरी ए चैम्पियन युवेंटस से जुड़ गए थे। 33 साल के रोनाल्डो ने कहा, ‘अगर मेसी इटली के किसी क्लब की ओर से खेलते हैं, तो मुझे खुशी होगी। उम्मीद है कि वे मेरा चैलेंज कबूल करेंगे, लेकिन अगर वे बार्सिलोना में खुश हैं तो मैं इसका सम्मान करता हूं।’

रोनाल्डो 2003 से 2009 तक इंग्लिश क्लब मैनचेस्टर यूनाइटेड से खेले। इसके बाद वे स्पेनिश क्लब रियल मैड्रिड से जुड़ गए थे। उन्होंने इस क्लब से 9 सीजन खेले। जबकि, मेसी ने अपने क्लब करियर की शुरुआत 2004 में बार्सिलोना से की थी।

ऑस्ट्रेलियाई धरती पर भारत का यह 45वां टेस्ट था। टीम इंडिया को यह छठी जीत हासिल हुई। 28 में हार मिली और 11 मुकाबले ड्रॉ रहे। विराट वहां मैच जीतने वाले पांचवें भारतीय कप्तान बन गए। सबसे पहले 1977 में बिशन सिंह बेदी की कप्तानी में जीत मिली थी। उनके नेतृत्व में भारत दो टेस्ट वहां जीता है। दो टेस्ट जीतने वाले वे एकमात्र कप्तान हैं। इस लिस्ट में सुनील गावस्कर, सौरभ गांगुली और अनिल कुंबले का भी नाम है

एडिलेड में 116 साल में पहली बार ऑस्ट्रेलिया ने चौथी पारी में 200 रन बनाए

एडिलेड में ऑस्ट्रेलिया चौथी पारी में हाइएस्ट 315 रन तक लक्ष्य ही हासिल कर पाया है। उसने 1902 में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट में चौथी पारी में छह विकेट पर 315 रन बनाकर मैच जीता था। इसके बाद उसने पहली बार 200 का आंकड़ा छुआ।

एक टेस्ट में सबसे ज्यादा शिकार करने वाले तीसरे विकेटकीपर बने पंत
ऋषभ पंत एक टेस्ट में सबसे ज्यादा शिकार करने वाले तीसरे विकेटकीपर बने। उन्होंने इस मैच में 11 शिकार किए। इस मामले में पंत ने इंग्लैंड के जैक रसेल और दक्षिण अफ्रीका के एबी डिविलियर्स की बराबरी की। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के एडम गिलक्रिस्ट, भारत के ऋद्धिमान साहा और इंग्लैंड के बॉब टेलर

Thursday, November 22, 2018

ननकाना साहिब में खालिस्तानी पोस्टर, भारतीय अफसरों की नो एंट्री

भारत-पाकिस्तान के बीच राजनीतिक रिश्ते भले ही तल्ख हों, लेकिन धार्मिक आधार पर दोनों देशों के बीच रिश्ते सुधारने की कोशिश जारी है, लेकिन सीमापार सिख श्रद्धालुओं के धार्मिक सफर के दौरान पड़ने वाले रास्ते पर लगे पोस्टर्स ने भारत को चिंता में डाल दिया है.

गुरु नानक देव की 549वीं जयंती के अवसर पर गुरुद्वारा ननकाना साहिब की यात्रा करने के लिए 3,800 भारतीय सिखों को पाकिस्तान जाने के लिए पाक की ओर से वीजा जारी किया गया है. यह यात्रा इस साल 21 से 30 नवंबर के बीच होनी है.

इंडिया टुडे के पास ऐसे फोटो हैं जिसमें वहां के गुरुद्वारों में भारत के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले खालिस्तान समर्थकों के पोस्टर लगाए गए हैं. खासकर ननकाना साहिब के पास ऐसे पोस्टर लगाए गए हैं. हालांकि वहां पर गुरुद्वारा को भव्य तरीके से सजाया गया है.

1974 में दोनों देशों के बीच धार्मिक यात्रा के लिए एक-दूसरे के नागरिकों को आने-जाने की अनुमति देने पर सहमति बनी थी, जिसके बाद हर साल दोनों देशों के लोग धार्मिक यात्राओं पर आते हैं.
इस साल 144 पाकिस्तानी मुस्लिम श्रद्धालु पंजाब में शेख फारुकी सरहिंदी (मुजादिद अल्फ सानी) के तीर्थस्थल पर सालाना उर्स समारोह में हिस्सा लेने आए थे. सालाना उर्स इनके साथ नई दिल्ली में पाक के हाई कमिश्नर सोहेल महमूद भी शामिल हुए थे.

जबकि पाकिस्तान की ओर से सुरक्षा के नाम पर पिछले कुछ सालों से पाक के गुरुद्वारों में भारतीय अधिकारियों को जाने की अनुमति नहीं दी गई है. लेकिन इस संबंध में सूत्रों का कहना है कि भारतीय अधिकारियों के रोक की असल वजह इन गुरुद्वारों में भारत विरोध गतिविधियां रची जा रही हैं और वहां भारत के विरोध में पोस्टर लगाए गए हैं.

पाकिस्तान की कोशिश है कि भारत से आने वाले सिख श्रद्धालुओं को भारत के खिलाफ भड़काया जाए. खुफिया सूत्रों का कहना है कि इस मामले में पाकिस्तान जमकर समर्थन कर रहा है.

नई दिल्ली में पाक हाई कमिशन की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि हाल के दिनों में बाबा गुरु नानक की जयंती पर आयोजित समारोह में सिख यात्रियों के हिस्सा लेने के लिए बड़ी संख्या में वीजा जारी किया गया है. दोनों देशों के बीच आपसी रजामंदी है और हमने 3 हजार से ज्यादा वीजा जारी किया.

भारत अपने देश में पाकिस्तानी श्रद्धालुओं को धार्मिक मकसद से आने की अनुमति देता है, जबकि पाकिस्तान इन धार्मिक यात्राओं को अपने पक्ष में इस्तेमाल करने की साजिश रच रहा है और ननकाना साहिब में भारतीय अधिकारियों के प्रवेश पर पाबंदी इस ओर इशारा करती है. क्या पाक सरकार इस बार भारतीय अधिकारियों को ननकाना साहिब में जाने की अनुमति देगी.

Friday, November 2, 2018

रेप के आरोप पर एम जे अकबर का जवाब- जो हुआ था सहमति से हुआ

अमेरिका में जाकर बसीं भारतीय पत्रकार पल्लवी गोगोई की ओर से लगाए गए रेप के आरोपों पर बीजेपी सांसद एम जे अकबर ने सफाई दी है. अकबर ने कहा कि करीब 24 साल पहले हम दोनों सहमति के साथ रिलेशनशिप में थे और यह कई महीनों तक चला. उन्होंने कहा कि तब हमारे संबंधों पर काफी बातें हुईं यहां तक कि बाद में इसे लेकर मेरे घरेलू जीवन में भी कलह हुई. हालांकि बाद में रिलेशनशिप शायद खराब मोड़ पर खत्म हो गया.

एम जे अकबर ने कहा कि जो लोग मेरे साथ काम कर चुके हैं और मुझे जानते हैं वो इस बात की तस्दीक कर सकते हैं. वो लोग भी बता सकते हैं कि जब पल्लवी मेरे साथ काम करती थीं तब क्या उनपर किसी तरह का कोई दबाव था.

पूर्व विदेश राज्य मंत्री एम जे अकबर ने कहा कि वॉशिंगटन पोस्ट में पल्लवी गोगोई ने जो लेख लिखकर मेरे खिलाफ रेप और हिंसा के आरोप लगाए हैं वो सरासर गलत हैं. उन्होंने कहा कि ये घटना करीब 23 साल पुरानी है और मेरी ओर से इसका खंडन किया जा चुका है. अकबर ने कहा कि 29 अक्टूबर को वॉशिंगटन पोस्ट ने मेरे वकील को इस घटना से संबंधित सवाल भेजे थे. लेख को पढ़ने के बाद मेरे लिए सच्चाई और तथ्यों को सामने लाना जरूरी था.

पल्लवी ने लगाए ये आरोप

वॉशिंगटन पोस्ट में प्रकाशित पल्लवी गोगोई के बयान के मुताबिक जयपुर के एक होटल में अकबर खबर पर चर्चा के लिए पल्लवी के साथ थे. जहां होटल के कमरे में उन्होंने पल्लवी का रेप किया. दोनों के बीच काफी हाथपाई हुई लेकिन पल्लवी लिखती हैं, 'मैंने काफी संघर्ष किया, लेकिन वो शारीरिक तौर पर मुझसे ज्यादा ताकतवर थे. उन्होंने मेरे कपड़े फाड़ दिए और मेरा रेप किया.'

अमेरिका में रहने वाली पत्रकार पल्लवी गोगोई में एशियन एज में काम करने के दौरान अपने साथ रेप की घटना का जिक्र किया है, जब एम जे अकबर उनके बॉस हुआ करते थे. पल्लवी ने बताया कि पुलिस में शिकायत करने के बजाय मुझे ज्यादा जिल्लत महसूस हो रही थी. मैंने इस बारे में किसी को भी नहीं बताया, क्या कोई मेरी बात पर भरोसा करता? मैंने खुद को ही दोषी मान लिया, मैं होटल के कमरे में गई ही क्यों थी?

इससे पहले साल 1994 की एक अन्य घटना का जिक्र करते हुए पल्लवी ने कहा, 'मैं उनके ऑफिस गई थी और कमरे का दरवाजा बंद था. मैंने उन्हें ओ-पेड पेज दिखाया और बताया कि कैसे इसकी हेडलाइन्स और रोचक बनाई हैं. अकबर ने मेरी कोशिश की तारीफ की और तुरंत मुझे किस करने के लिए लपके. इसके बाद मेरे चेहरा शर्म से लाल हो गया, मैंने अपनी एक सहयोगी को इस पूरे घटना के बारे में बताया.'